ऐ विघ्नहर्ता है बप्पा, विघ्नहर्ता
सहस्त्र भक्त जन का तू एक कर्ता-धर्ता।
है द्वेष मुक्त मन वो, तू जिसमें वास करता,
इसीलिए तो सबसे पहले बोले – बप्पा मोर्या रे!
तिलक तेरा है माथे पे, जिसके भी निखरता,
वो करम की कसौटी पे है खरा उतरता।
इसीलिए तो सबसे पहले बोले – बप्पा मोरिया रे!
ऐ रे बप्पा, तू सृष्टि को चलाता है।
रे बप्पा, तू सद्बुद्धि का विधाता है।
रे बप्पा, तू भाग्य का भी दाता है।
रे बप्पा… रे बप्पा… रे बप्पा… रे बप्पा…
मोऱया रे… मोऱया रे…
नाम जो तेरा दिल से पुकारे,
उसकी लगी है नैया किनारे।
जब-जब बाजे डंका तेरा बप्पा, डंका तेरा बप्पा, डंका तेरा!
बढ़कर बदकिस्मतों की, तू बिगड़ी संवारे।
ऐ विघ्नहर्ता है बप्पा, विघ्नहर्ता!
विनाश पाप का हो, तू पग जहाँ पे धरता।
अचंल तेरा तामस में भी है प्रकाश भरता।
इसीलिए तो सबसे पहले बोले – बप्पा मोर्या रे!
ऐ रे बप्पा, तू सृष्टि को चलाता है।
ऐ रे बप्पा, तू सद्बुद्धि का दाता है।
रे बप्पा, तू भाग्य का विधाता है।
रे बप्पा… रे बप्पा… रे बप्पा… रे बप्पा…
मोऱया रे… मोऱया रे…
गणपति बप्पा मोर्या!